दिनांक : 28 सितंबर 2026
दिन : सोमवार
विक्रम संवत् : 2083
अयन : दक्षिणायन
- दक्षिणायन लगभग कर्क संक्रांति से मकर संक्रांति तक माना जाता है।
सौर ऋतु : शरद ऋतु
मास : आश्विन
पक्ष : कृष्ण पक्ष
तिथि : द्वितीया शाम लगभग 7:15 बजे तक, इसके बाद तृतीया
नक्षत्र : रेवती सुबह लगभग 10:18 बजे तक, फिर अश्विनी
योग : ध्रुव
करण : तैतिल, इसके बाद गर
सूर्योदय : सुबह 5:57 बजे
सूर्यास्त : शाम 05:536 बजे
दिशा शूल : पूर्व दिशा (East) में माना जाता है।
यदि आज पूर्व दिशा की यात्रा आवश्यक हो, तो परंपरा के अनुसार दर्पण देखना, दूध का सेवन करना या कुछ मीठा खाकर निकलना दिशा शूल के निवारण के उपायों में बताया जाता है।
यह धार्मिक/पारंपरिक मान्यता है।
शुभ महूर्त-
बृह्म मुहूर्त - प्रातः 04.20 AM से 05.08 AM तक
अभिजित मुहूर्त - सुबह 11:33 AM से दोपहर 12:20 PM तक (शुभ कार्यों के लिए श्रेष्ठ)
अशुभ मुहूर्त-
राहुकाल - प्रातः 07:27 AM से 08:57 AM तक (इस समय शुभ कार्य वर्जित होते हैं)
यमगण्ड - सुबह 10.27 AM से 11.57 AM तक
सूर्य राशि : सूर्य कन्या राशि में विराजमान रहेंगे।
चंद्रमा राशि : मीन राशि
आचार्य आदित्य वशिष्ठ |
वाट्सएप नं.:-7309053333
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