SIR : यूपी समेत छह राज्यों में एसआईआर की तिथि बढ़ाई, उत्तर प्रदेश को 15 दिन का अतिरिक्त समय

छह राज्यों में SIR की तिथि बढ़ाई गई, यूपी को सबसे ज़्यादा 15 दिन का अतिरिक्त समय दिया गया 




प्रारब्ध न्यूज ब्यूरो, लखनऊ 



भारत के चुनाव आयोग (ECI) ने 12 राज्यों में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR)  कार्य की तिथि बढ़ा दी है। एसआईआर की अंतिम तिथि आज यानी गुरुवार को समाप्त हो रही थी, लेकिन छह राज्यों ने काफी कार्य बाकी होने की वजह से और समय मांगा था। इस पर चुनाव आयोग ने यूपी समेत छह राज्यों में एसआईआर की समय सीमा बढ़ा दी है। उसका नया शेड्यूल भी जारी कर दिया है।


भारत के चुनाव आयोग (ECI) ने पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु समेत 12 राज्यों में वोटर लिस्ट के चल रहे स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) के शेड्यूल में बदलाव किया। यह एक्सटेंशन वोटर्स को अपनी डिटेल्स वेरिफाई करने, ऑब्जेक्शन फाइल करने या वोटर लिस्ट में अपनी एंट्रीज में जरूरी सुधार करने के लिए दिया गया है।



भारतीय चुनाव आयोग ने स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) की डेडलाइन को 7 दिनों के लिए बढ़ा दी है। फिलहाल 12 राज्यों में यह प्रक्रिया चल रही है। सभी 12 राज्यों के लिए वोटर रोल में बदलाव की डेडलाइन 7 दिन बढ़ाई गई है। 16 दिसंबर को ड्राफ्ट लिस्ट जारी की जाएगी।



एसआईआर (SIR) के तहत मतदाता सूची के प्रकाशन को लेकर चुनाव आयोग ने बड़ा फैसला लिया है। उत्तर प्रदेश सहित 6 राज्यों में SIR की तारीख बढ़ा दी है। इसमें सबसे बड़ा बदलाव उत्तर प्रदेश के लिए किया गया है, जहां बूथ लेवल आफीसर (BLO) पर लगातार बढ़ते काम के बोझ और समीक्षा कार्य की धीमी गति को देखते हुए 15 दिनों का अतिरिक्त समय दिया गया है।



यूपी में SIR की डेडलाइन 15 दिन बढ़ाई गई। अब 26 दिसंबर तक SIR फॉर्म भरे जाएंगे। 31 दिसंबर को मतदाता सूची जारी होगी और 31 दिसंबर से 30 जनवरी तक दावे-आपत्तियां ली जाएंगी। उसके बाद 21 फरवरी तक उनका निस्तारण किया जाएगा। अंतिम मतदाता सूची 28 फरवरी को जारी की जाएगी।



पश्चिम बंगाल समेत इन राज्यों में चल रही है SIR एक्सरसाइज



एक ऑफिशियल नोटिफिकेशन में ECI ने गिनती की डेडलाइन 4 दिसंबर से बढ़ाकर 11 दिसंबर कर दी है। SIR एक्सरसाइज अभी उत्तर प्रदेश, अंडमान और निकोबार आइलैंड्स, छत्तीसगढ़, गोवा, गुजरात, केरल, लक्षद्वीप, मध्य प्रदेश, पुडुचेरी, राजस्थान, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल राज्यों और UTs में चल रही है।


बढ़ाई गई टाइमलाइन



कमीशन ने मुख्य माइलस्टोन में इस तरह बदलाव किया है।


गिनती का समय : 11 दिसंबर 2025 (गुरुवार) तक बढ़ाया गया।

पोलिंग स्टेशनों को ठीक करना और फिर से व्यवस्थित करना: 11 दिसंबर 2025 (गुरुवार) तक।


कंट्रोल टेबल का अपडेट और ड्राफ्ट रोल तैयार करना : 12–15 दिसंबर 2025 (शुक्रवार से सोमवार)।


ड्राफ्ट इलेक्टोरल रोल का पब्लिकेशन : 16 दिसंबर 2025 (मंगलवार)।


दावे और आपत्तियां फाइल करने का समय : 16 दिसंबर 2025 से 15 जनवरी 2026 (गुरुवार)।


नोटिस फेज (जारी करना, सुनवाई और वेरिफिकेशन) : 16 दिसंबर 2025 से 7 फरवरी 2026 (शनिवार)।


इस दौरान इलेक्शन रिटर्निंग ऑफिसर (ERO) दावों, आपत्तियों और गिनती के फॉर्म पर एक साथ काम करेंगे।



बदलाव की अहमियत



SIR, चुनाव आयोग की लगातार कोशिशों का हिस्सा है ताकि यह पक्का किया जा सके कि वोटर लिस्ट सही, अप-टू-डेट और सबको शामिल करने वाली हों, खासकर वहां, जिन राज्यों में विधानसभा के चुनाव होने वाले हैं। यह एक्सटेंशन वोटर्स को अपनी डिटेल्स वेरिफाई करने, ऑब्जेक्शन फाइल करने या वोटर लिस्ट में अपनी एंट्रीज में जरूरी सुधार करने के लिए और समय देगा।अधिकारियों ने इस पर जोर दिया है कि राज्यों और UTs के लोगों को आगे के चुनावों में वोट देने का मौका गंवाने से बचने के लिए बढ़े हुए शेड्यूल का फायदा उठाना चाहिए।

Post a Comment

0 Comments