![]() |
| मुख्यमंत्री ने पूर्व मुख्यमंत्री/पूर्व राज्यपाल कल्याण सिंह की 94वीं जयंती पर श्रद्धासुमन अर्पित किए। |
प्रारब्ध न्यूज ब्यूरो, लखनऊ
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पूर्व मुख्यमंत्री व पूर्व राज्यपाल कल्याण सिंह की 94वीं जयंती पर श्रद्धांजलि दी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कल्याण सिंह के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर कहा कि ‘बाबू जी’ अपने नाम को उत्तर प्रदेश के ‘कल्याण’ के साथ जोड़कर सार्थक करते रहे।
![]() |
| कार्यक्रम को संबोधित करते मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ। |
मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘बाबू जी’ उत्तर प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी के पहले मुख्यमंत्री थे। वर्ष 1991 में जब उन्होंने उत्तर प्रदेश की बागडोर संभाली, तब यहां अव्यवस्था, अराजकता, गुंडागर्दी थी। आतंकी गतिविधियां सिर उठा रही थीं। गांवों, गरीबों, किसानों, नौजवानों, महिलाओं को शासन की योजनाओं का लाभ नहीं मिल रहा था। एक ओर कुव्यवस्था थी तो दूसरी ओर 500 वर्षों की गुलामी को दूर करने के लिए हिंदू समाज छटपटा रहा था।
![]() |
| कार्यक्रम को संबोधित करते मुख्यमंत्री व उपस्थित जनसमूह। |
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उन्होंने पहली बार भाजपा की सरकार की कमान अपने हाथ में ली थी। जब उन्होंने कार्य शुरू किया तो कुछ ही महीने में प्रदेशवासियों के मन में यह विश्वास सुदृढ़ होने लग गया था कि उत्तर प्रदेश सुशासन की ओर चलकर विकास के नए सोपान को चुनेगा, लेकिन उन्हें अस्थिर करने की साजिशें होने लगीं। अव्यवस्था फैलानी शुरू हो गईं।
![]() |
| मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ। |
मुख्यमंत्री ने कहा कि जब राम जन्मभूमि आंदोलन चरम की ओर बढ़ा तो रामभक्तों, पूज्य संतों की भावना का सम्मान करते हुए अपने आराध्य प्रभु श्रीराम के प्रति उन्होंने सत्ता को बलिदान करने में संकोच नहीं किया। उनकी सरकार गई, लेकिन गुलामी के ढांचे को हटाने के जिस प्रण के साथ राम भक्त आगे बढ़े थे, उन्होंने सारी जिम्मेदारी अपने ऊपर लेकर प्रभु राम के प्रति कर्तव्यों का निर्वहन करने में तनिक भी देर नहीं लगाई। बाबू जी का कार्यकाल यूपी के सुशासन, विकास, राष्ट्रवादी मिशन को बढ़ाने के लिए हमेशा जाना जाएगा।
आरएसएस की पाठशाला में पढ़ा राष्ट्रवाद का पाठ
सीएम योगी ने कहा कि आज हर भारतवासी बाबू जी को याद करता है। उनका जन्म किसान परिवार में हुआ। उन्होंने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) की पाठशाला में राष्ट्रवाद का पाठ पढ़ा। उसे जीवन का मंत्र बनाया। उस मिशन के लिए समर्पित होकर कार्य करते रहे। विधायक, मंत्री, सांसद, मुख्यमंत्री व राज्यपाल के रूप में उनकी सेवाएं सदैव स्मरणीय रहेंगी।
इस दौरान स्व. कल्याण सिंह के पुत्र व पूर्व सांसद राजवीर सिंह, भारतीय जनता पार्टी उत्तर प्रदेश के पूर्व अध्यक्ष चौधरी भूपेंद्र सिंह, सांसद सतीश गौतम, मुकेश राजपूत, कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय निषाद, राज्यमंत्री दानिश आजाद अंसारी, स्व. कल्याण सिंह के पौत्र व बेसिक शिक्षा मंत्री संदीप सिंह समेत अन्य गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।
कल्याण सिंह जयंती (Kalyan Singh Jayanti), सीएम योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath), सुशासन (Good Governance), राम जन्मभूमि आंदोलन (Ram Janmabhoomi Movement)।




0 Comments
if you have any doubt,pl let me know