Murder Mystery : खूबसूरत पत्नी ने ले ली शिक्षक पति की जान

  • बरेली के इंटर कॉलेज में हिंदी प्रवक्ता की हत्या कर शव खेत में दफनाया


प्रारब्ध न्यूज डेस्क, लखनऊ


हत्या आरोपी पत्नी विनीता एवं शिक्षक पति अवधेश की फाइल फोटो।


बरेली से 14 दिन से लापता इंटर कॉलेज में हिंदी के 42 वर्षीय प्रवक्ता का शव 26 अक्टूर को फीरोजाबाद जिले के थाना नारखी क्षेत्र में बरामद हुआ है। उनके शव के साथ क्रूरता की हदें पार कर दीं गईं। इस हत्याकांड के पीछे उनकी खूबसूरत पत्नी का ही हाथ है। इस हत्याकांड में प्रवक्ता की पत्नी, साली, ससुर और साले के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर पुलिस जांच कर रही है। उसमें से एक हत्यारोपित को पुलिस के हत्थे चढ़ गया है। फिल्मी अंदाज में कराए गए इस मर्डर की पूरी कहानी आपके समाने सिलसिलेवार ढंग से बताई जाएगी।


फीराेजाबाद जिले के नारखी के भीतरी गांव निवासी अवधेश कुमार सिंह बरेली के कुंवर ढाकन लाल इंटर कालेज में हिंदी के प्रवक्ता थे। वह बरेली, इज्जतनगर थाना क्षेत्र में कर्मचारी नगर मोहल्ले में मकान बनवाकर पत्नी विनीता व छह वर्षीय बेटे अंश के साथ रहते थे। चार माह से उनकी साली ज्योति भी उनके घर पर रह रही थी। बताया जा रहा है कि 12 अक्टूबर की रात में बरेली में हत्या करने के बाद उनके शव को 13 अक्टूबर की रात फीरोजाबाद के नारखी स्थित खेत में ले जाकर गाड़ दिया गया था।


अवधेश की मां अन्नपूर्णा देवी पत्नी बाबू सिंह ने उनकी गुमशुदगी की रिपोर्ट बरेली के थाना इज्जतनगर में दर्ज कराई थी। स्वजनाें के आरोप पर जब पुलिस सक्रिय हुई तो घटना परत-दर-परत खुलने लगी। कई पेशेवर अपराधी उठाए गए। पूछताछ के बाद नारखी पुलिस ने खेत में खोदाई कर शव के अवशेष बरामद कर लिए। पुलिस ने हत्यारोपी पत्नी विनीता, साली ज्योति, ससुर अनिल कुमार सिंह और साले पंकज के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। अवधेश की शादी नौ साल पहले हुई थी। इंस्पेक्टर नारखी विनोद कुमार सिंह ने बताया कि नारखी निवासी हत्या आरोपी शेर सिंह उर्फ चीकू को गिरफ्तार करने से घटनाक्रम की कड़ियां जुड़ती चलीं गईं।


14 दिन से लापता थे अवधेश


अवधेश कुमार सिंह 14 दिन से लापता थे। उनकी मां ने उनकी ही पत्नी समेत अन्य ससुरालीजनों के खिलाफ अपहरण कर हत्या कर शव जलाने का आरोप लगाया था। जब बरेली के इज्जतनगर की पुलिस प्रवक्ता की ससुराल खेरिया गांव पहुंची तो वहां ताला लटका मिला। उनके मोबाइल फोन भी बंद थे। इससे शक गहराता चला गया।


फोन पर कॉल नहीं लगने से मां थीं परेशान


मां अन्नूपूर्णा देवी ने 12 अक्टूबर को बेटे अवधेश कुमार से फोन पर बात की थी। अवधेश ने बताया था कि मां मुझे ससुराल वालों से जान का खतरा है। मां ने समझाया था, बेटा परेशान नहीं होना। अन्नपूर्णा ने बताया कि 13 अक्टूबर को अवधेश से बात करने की कोशिश की तो मोबाइल बंद मिला। चिंता होने पर वह 16 अक्टूबर को इज्जत नगर स्थित उनके आवास पर आईं। पड़ोसियाें ने बताया कि 13 अक्टूबर को अवधेश कुछ लोगों के साथ कार से निकले थे। पता नहीं चलने पर मां ने गुमशुदगी दर्ज कराई थी। 24 अक्टूबर को अन्नूपूर्णा ने पत्नी विनीता व ससुरालीजनों के खिलाफ हत्या कर शव जलाने या गायब करने की आशंका जताते हुए मुकदमा दर्ज करा दिया। रविवार को इज्जतनगर पुलिस फीरोजाबाद के नारखी स्थित ससुराल पहुंची।


ससुरालीजनों ने दी थी धमकी


अवधेश की मां ने पुलिस को बताया कि उनके बेटे का पत्नी से काफी समय से विवाद चल रहा था। ससुराल के लोगों ने कुछ समय पहले बेटे को जान से मारने की धमकी दी थी। आरोप है कि 13 अक्टूबर को अवधेश को ससुराल वाले ही लेकर आए थे।

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