![]() |
| पूर्व विधायक मुख्तार अंसारी। फाइल फोटो |
प्रारब्ध न्यूज ब्यूरो, लखनऊ
बाहुबली पूर्व विधायक मुख्तार अंसारी और उसके परिवार वालों की मुश्किलें कम नहीं हो रही हैं। मुख्तार अंसारी द्वारा अपने ऊपर लगे आरोपों से मुक्त करने के लिए ईडी कोर्ट में प्रार्थनापत्र दिया था, जिसे शुक्रवार को ईडी कोर्ट ने खारिज कर दिया है। प्रार्थना पत्र खारिज करने का आदेश विशेष न्यायाधीश सीबीआई द्वितीय अनुरोध मिश्रा ने दिया।
बाहुबली पूर्व विधायक और माफिया मुख्तार अंसारी द्वारा अपराध से कमाई गई संपत्ति को सही ठहराते हुए कार्रवाई नहीं करने के संबंध में कोर्ट में प्रार्थनापत्र दिया था। अभियोजन ने साक्ष्यों को दाखिल करते हुए न्यायालय को बताया कि विकास कंस्ट्रक्शन द्वारा सरकारी जमीन हड़पकर उस पर अवैध तरीके से गोदाम बनाया गया था। इसके बाद उसे गाजीपुर के नंदगंज स्थित फूड कार्पोरेशन आफ इंडिया (एफसीआइ) को किराए पर दिया था। इस गोदाम से 25.31 करोड़ रुपये की आय हो रही थी। यह संपत्ति अपराध से अर्जित की गई है। इसे आधार बनाते हुए कोर्ट ने उसका अपराध मुक्त करने का आवेदन पत्र खारिज कर दिया।

0 Comments
if you have any doubt,pl let me know